
रतलाम। ‘मई दिवस’ अर्थात अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर आज शहर में श्रम अधिकारों के सम्मान में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इसी कड़ी में एम.पी. मेडिकल एंड सेल्स रिप्रेजेंटेटिव्स यूनियन (MPMSRU), रतलाम इकाई द्वारा एक विशाल रैली का आयोजन किया गया।
अलकापुरी से नगर निगम तक गूंजे नारे
यूनियन के सदस्यों और श्रमिक संगठनों से जुड़े पदाधिकारियों ने शहर के अलकापुरी क्षेत्र से रैली का शुभारंभ किया। लाल झंडों और बैनरों के साथ निकले इस जुलूस में बड़ी संख्या में दवा प्रतिनिधि (MRs) शामिल हुए। रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए नगर निगम तिराहे पर पहुँची, जहाँ यह एक सभा में परिवर्तित हो गई।
मजदूरों के हित में संबोधन
नगर निगम तिराहे पर आयोजित समापन सभा को संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने संबोधित किया। वक्ताओं ने अपने उद्बोधन में कहा कि:
मई दिवस केवल एक तारीख नहीं, बल्कि श्रमिकों के संघर्ष और बलिदान का प्रतीक है।
मौजूदा समय में श्रम कानूनों में हो रहे बदलावों और निजीकरण के दौर में मजदूरों के हितों की रक्षा करना अनिवार्य है।
संगठन ने काम के घंटों को सीमित रखने, न्यूनतम वेतन और सामाजिक सुरक्षा जैसे मुद्दों पर एकजुट होने का आह्वान किया।
”मई दिवस अमर रहे” के नारों से गूंजा परिसर
हाथों में लिए बैनरों पर “मई दिवस अमर रहे” के नारों के साथ एमआर एसोसिएशन ने अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक श्रमिकों का शोषण बंद नहीं होता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। सभा के अंत में सभी उपस्थित जनों ने श्रमिक एकता की शपथ ली।
इस अवसर पर MPMSRU के पदाधिकारियों सहित विभिन्न ट्रेड यूनियनों के प्रतिनिधि और सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
